पंकज भट्ट मौत के 4 लाख, घर टूटे के 1 लाख 9 हजार इस बार की आपदा के रेट तय हैं, मौत आँकड़ा महज है.. गिनते रहिए! 17 – 18 अक्तूबर को आई आपदा में इतनी ज़्यादा बारिश हुई कि 8 इंच पानी वाला ग... Read more
इन्द्रेश मैखुरी उत्तराखंड में 17-18-19 अक्टूबर को जो भीषण आपदा आई,उसके बीच में 18 अक्टूबर को कर्णप्रयाग से देहरादून तक की यात्रा करनी पड़ी. निरंतर मूसलाधार बारिश के बीच कर्णप्रयाग से देहरादून... Read more
केशव भट्ट बचपन में यदा-कदा बुड़-माकोट (पिताजी के ननिहाल)जाना होता था.वहां बगल के पाथरनुमा दोमंजिले घर की खिड़की पर रिश्ते के छोटे चाचा बांसुरी बजाते दिखाई देते. उन्हें सुनता तो मैं हैरत में... Read more
जयप्रकाश पंवार ‘जेपी’ जनकवि डा. अतुल शर्मा का लिखा जनगीत “लड़के लेंगे भिड़ के लेंगे छीन के लेंगे उत्तराखंड” एक ऐतिहासिक दस्तावेज है। जन-जन की जुबान पर रहा यह जनगीत उत्तराखंड आंदोलन की मा... Read more
नवीन जोशी 1970 के दशक का उत्तराखण्ड का ‘चिपको आंदोलन’ विश्वविख्यात है। यह तथ्य भी कमोबेश ज्ञात है कि इस आंदोलन के पीछे मुख्य रूप से महिलाएं थीं। कुमाऊं में 1984 में छिड़ा ‘नशा नहीं, रोजगार दो... Read more
सुशील उपाध्याय उड़ीसा के उच्च शिक्षा विभाग द्वारा लिए गए निर्णय से जुड़ी हुई खबर इन दिनों मीडिया माध्यमों पर काफी चर्चा में है। संबंधित खबर को शिक्षकों से जुड़े समूहों में काफी जोर-शोर से प्... Read more
प्रमोद साह गांधी का दर्शन सिर्फ विचार पर केन्द्रित नहीं रहा, वरन समाज हितैषी रचनात्मक कार्यों से निकलने वाला विचार ही गांधी का दर्शन कहलाया। गांधी जब ग्राम स्वराज की बात करते हैं तो वह आत्मन... Read more
डॉ. अरुण कुकसाल ‘सबकी अपनी जीवन कहानी होती है और सबका अपना संघर्ष होता है, सबके अपने सौभाग्य और सफलताएं होती हैं, तो अवरोध और असफलताएं भी। फिर भी हर जीवन अपने जमाने से प्रभावित होता है... Read more
रमेश पहाड़ी 25 सितंबर को मुझे पहली बार भीरी के पश्चिमी, मंदाकिनी के दाँयें भाग में स्थित बष्टी गाँव में एक ग्रामीण समारोह में सम्मिलित होने का अवसर मिला। भारी भीड़ और वह भी उत्साह से भरी हुई।... Read more































